Goma bhasma | गोमय भस्म : देशी गाय का गोबर देगा आपको घर बैठे रुपये

Goma bhasma

Goma Bhasma से कमाई प्रतिमाह हजारों रूपए

Goma bhasma (गोमय भस्म) क्या है? आप गोमय भस्म तैयार करना चाहते है? गोमय भस्म को कहां बेचना है इसके बारे में जानना चाहते है? आपके पास गाय है, तो आप गोमय भस्म बनाने की ट्रेनिंग लेकर इस बिजनेस को करके प्रतिमाह 20 से 25 हजार रूपए की कमाई कर सकते है. Goma bhasma (गोमय भस्म) सभी रोगों में लाभकारी होता है. इसको पानी में मिलने से पानी में प्राणवायु का स्तर 46.6 बढ़ जाता है. यह भस्म पानी में खनिज और प्राणवायु को पुनः लाने का कार्य करती है जो की आज के समय में सबसे अधिक जरूरी है. भारत के हर क्षेत्र में चाहे वह बड़े शहर हो या छोटे शहर हो या फिर गांव-कस्बे में प्राणवायु की कमी है जिससे कैंसर, अस्थमा जैसे रोगों में लगातर बढ़ रहा है. प्रदुषण से उत्पन्न रोगों में यह रामबाण का कार्य करती है.

Goma bhasma
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Goma bhasma (गोमय भस्म) क्या है?

गोमय भस्म, गोमय यानी गाय के गोबर के जले उपलो से तैयार चूर्ण है. उपले को घी के दीया में जलाया जाता है. ये उपले के इस चूर्ण को बारीक छान लिया जाता है यह चूर्ण ही गोमय भस्म है.
गांव में जिनके पास एक गाय है वे भी दिनभर में गाय का गोबर जमा करके गोमय भस्म तैयार कर सकते हैं.
एक गाय दिनभर में लगभग 10 किलो गोबर देती है. आप इस बात का ध्यान रखें, जब गाय गोमय देती है तब उसे भूमि पर गिरने से पहले किसी बांस की टोकरी में जमा कर लें. भूमि पर गिरा हुआ गोबर ना लें.
गोबर में 3 घंटे के अंदर कीड़े बनना शुरू हो जाते है. इसलिए गोबर को तुरंत केले के पत्तों या बांस की चटाई पर कंडे की तरह थाप कर तेज धूप में सूखा लें.

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Goma bhasma (गोमय भस्म) बनाने की विधि

कंडे जब अच्छे से सूख जाएं इन्हें निश्चित आकृति में रखकर गाय के देशी घी से जला लें.
जले हुए कंडो को एक एक करके किसी बोरी में भर लें. बोरी के मुंह को अच्छे से बांध दें. इसके बाद बोरी को लाठी से पीटपीट कर जले हुए कंडो का अच्छे से चूर्ण बना लें.
अंत में इस चूर्ण को बारीक छन्नी से छान लें. यही गोमय भस्म है. इसे कांच की या चीनी मिट्टी के बरनी में भरकर रख लें.

Goma bhasma (गोमय भस्म) की कीमत

बाजार में Goma bhasma की कीमत 600 रूपए से लेकर 12 रूपए प्रतिकिलो के भाव से बिकती है. आइए देखते है कि एक माह में इससे कितनी कमाई होती है.
एक गाय प्रतिदिन 10 किलो गोबर देती है. एक माह में यह 300 किलो होता है. इसे जलाने और छानने के बाद 30 किलो Goma bhasma बनेगा. एक किलो गोमय भस्म की कीमत 600 रूपए से 12 सौ रूपए है. 30 किलो गोमय भस्म की कीमत 18 हजार रूपए से लेकर 36 हजार रूपए तक होती है.

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गांव में रहकर किए जाने वाले बिजनेस

 Goma bhasma (गोमय भस्म) की ट्रेनिंग जरूर लें

Goma bhasma बनाने में बड़ी सावधानी की आवश्यकता होती है इस बारे में किसी जानकारी व्यक्ति से अच्छे से सीख लें, तभी इसे बनाएं. गोमय भस्म बनाने का एक विशेष तरीका होता है, तभी आपको शुद्ध पूर्ण तत्व मिल पाएगा.
Goma bhasma बनाने की ट्रेनिंग लेकर ही इस बिजनेस को शुरू करें, क्योंकि कि कंडे के अधिक जल जाने पर वह राख बन जाती है और कम जलने पर गोबर के रूप में ही रह जाता है. इस लिए इसके सही जलाने का तरीका आना चाहिए. तभी आप इस बिजनेस से अच्छी इनकम कर सकते हैं.
यदि आप Goma bhasma बनाना सीखना चाहते है तो वीडियो के नीचे डिस्केप्शन में दिए गए वेबसाइट पर जाएं वहां आपको वेबसाइट व फोन नंबर मिल जाएगा. उनसे पूरी जानकारी ले सकते हैं. जरूरत पड़ने पर आप गोमय भस्म बनाने की ट्रेनिंग ले सकते हैं.

Goma bhasma (गोमय भस्म) को कहां बेचे

गोमय भस्म को कहां बेचना है इस बारे में जानकारी वेबसाइट पर मिल जाएगी.

http://www.gavyashala.com    /   http://www.merimaa.co.in

  • गव्यशाला – दूरभाष – 9928087811 व्हाट्सएप्प – 9928087811 विकास जांगिड़ +91-9460145689

info@gavyashala.com

ध्यान देने वाली बातें:-

– गोबर से उपले बनाने का कार्य कड़ी धूप के समय ही करें. इसके लिए मकर सक्रांति से लेकर वर्षाऋतु के आरम्भ होने से पहले ही बना लें.
– कड़े धूप में सूखाएं गए उपलो को अच्छे से सुरक्षित स्थान पर रखें. इन उपलो से आप साल भर गोमय भस्म तैयार कर सकते है.
– गोबर को तुरंत उपले बनाकर कड़े धूप में सूखा लें, क्योंकि गाय के गोबर में 3 घंटे पश्चात कीड़े बनने शुरू हो जाते है.
– ध्यान रहे इन्हें खाली जमीन पर ना सूखाएं. उपलो को सूखाने के लिए केले के पत्ते या बांस की चटाई का इस्तेमाल करें.
– अच्छे से सूख उपलो के ही गोमय भस्म तैयार करें. इसकी अच्छी कीमत मिलती है.
– तैयार भस्म को वायु रोधक कांच की बरनी में रखें.

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